
उज्जैन। शरद पूर्णिमा के पावन अवसर पर इंदिरा नगर, उज्जैन में डॉ. प्रकाश जोशी एवं आयुर्वेद महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं के संयुक्त तत्वावधान में 29वें शरद पूर्णिमा आयुर्वेदिक स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में 800 से अधिक लोगों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता कर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ लिया। इस अवसर पर दमा एवं अन्य श्वसन संबंधी रोगों से पीड़ित रोगियों को निःशुल्क औषधियाँ एवं औषधियुक्त खीर वितरित की गई।
शिविर के संयोजक डॉ. प्रकाश जोशी ने बताया कि शरद पूर्णिमा पर आयोजित यह शिविर वर्षों से आयुर्वेदिक चिकित्सा एवं जनसेवा की परंपरा को आगे बढ़ा रहा है। शिविर में रोगियों को चिकित्सा परामर्श, आवश्यक औषधियाँ तथा ऋतु के अनुकूल दिनचर्या एवं जीवनशैली संबंधी मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
शरद पूर्णिमा की रात्रि में परंपरानुसार औषधियुक्त खीर का वितरण किया गया। इसके पश्चात प्रातः 6 बजे से कर्णवेधन चिकित्सा का आयोजन हुआ। शिविर की व्यवस्थाओं एवं रोगियों की सेवा में चिकित्सकों, विद्यार्थियों और स्वयंसेवकों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इस अवसर पर शासकीय धन्वंतरि आयुर्वेद चिकित्सा महाविद्यालय, उज्जैन के प्राचार्य एवं सीईओ डॉ. ओ.पी. व्यास के मार्गदर्शन एवं सहयोग के प्रति आभार व्यक्त किया गया। साथ ही डॉ. सुनीता डी. राम, डॉ. योगेश वाणे, डॉ. निरंजन सराफ, डॉ. वंदना सराफ, डॉ. प्रकाश जोशी, डॉ. सुधीर सिंह चौहान एवं कीर्तीबाला तावडे सहित सहयोग देने वाले समस्त चिकित्सकों, प्राध्यापकों तथा आयुर्वेद महाविद्यालय के पी. जी . एवं यू .जी.छात्र-छात्राओं के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
शिविर को सफल बनाने में शिविर सह-संयोजक लक्की राय एवं हरिओम राय, वीरेंद्र परिहार (एडवोकेट), समाजसेवी ललित नागर, देवेंद्र मेहता, अवनीश नागर, यदु बंसल एवं गोल्डी कपूर सहित इंदिरा नगर के नागरिकों का सराहनीय योगदान रहा। आयोजकों ने सभी सहयोगियों, स्वयंसेवकों एवं क्षेत्रवासियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
अंत में आयोजकों ने कहा कि 29वाँ शरद पूर्णिमा आयुर्वेदिक स्वास्थ्य शिविर जनसेवा, सामूहिक सहयोग एवं आयुर्वेद के प्रति जागरूकता का प्रतीक है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएँ जन-जन तक पहुँचाने और समाज में आयुर्वेद के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास निरंतर जारी रहेगा।